ड्राइविंग लाइसेंस के बिना चालक नहीं चला सकेंगे ई-रिक्शा, जारी हुए ये आदेश,,,।
कासगंज में अपर पुलिस महानिदेशक आगरा जोन अनुपम कुलश्रेष्ठ ने बृहस्पतिवार को जिले में भ्रमण कर अपराध समीक्षा बैठक की। इसमें पुलिस उप महानिरीक्षक शलभ माथुर भी मौजूद रहे। अपर पुलिस महानिदेशक ने समीक्षा करते हुए कहा कि जिले में अपराधों को रोकने के लिए पुलिस सक्रिय होकर कार्य करे। अपराधियों के खिलाफ गुंडा एक्ट, गैंगस्टर की कार्रवाई होनी चाहिए। आपराधिक घटनाओं को गंभीरता से लिया जाए। सभी थाना प्रभारी अपने क्षेत्र में भ्रमण जारी रखें। लोगों से संवाद बनाएं। उन्होंने सभी से कानून व्यवस्था सुदृढ़ रखने की अपेक्षा की।
उन्होंने कहा कि ई-रिक्शा चलाने के लिए ड्राइविंग लाइसेंस जरूरी है। आज छोटे-छोटे बच्चे 10, व 11 साल के जो नाबालिक है, वह भी ई रिक्शा को क्षमता से ज्यादा सवारी बैठा कर तेजी से ई रिक्शा चला रहे हैं। उनको ना तो दुर्घटना की चिंता है ना किसी सवारी के जान, प्राण की उनको तो सिर्फ पैसा कमाना है। और आज की जनता भी ठूसकर बैठने की आदी भी होती जा रही है। ऐसे ई रिक्शा नाबालिक चालक सवारियों को ठूसकर बैठाकर धड़ल्ले से चौराहों पर पुलिस के सामने आते जाते दिखाई देते हैं। अब इनमें किसका दोष है या तो उन नाबालिक लड़कों की जो ई रिक्शा चालक बने बैठे हैं या सुविधा शुल्क लेने वाली पुलिस बता सकती है, और इन सब घटनाओं पर रोक लगा सकती है।
अपर पुलिस महानिदेशक ने कहा कि जिले में कानून व्यवस्था मजबूत रखने एवं महिला अपराधों के मामले में आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। अपराध शून्य की नीति पर पुलिस कार्य करे। हर छोटी घटना को गंभीरता से लेकर निस्तारण किया जाए। अपराध समीक्षा बैठक के बाद उन्होंने पत्रकारों से बातचीत की। इस दौरान एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि ई-रिक्शा का संचालन केवल वो लोग ही कर सकते हैं जिनके पास ड्राइविंग लाइसेंस है। उन्होंने अधिकृत डीलर से खरीद की है। उन्होंने कहा कि कलर कोडिंग के हिसाब से निर्धारित रूटों पर ई-रिक्शा का संचालन सुनिश्चित हो। इससे जाम की समस्या का हल होगा। जिले की पुलिस ने पहले से यह व्यवस्था लागू की है।
अपर पुलिस महानिदेशक ने कहा कि गोकशी करने और गो तस्करी करने वालों के खिलाफ पुलिस प्रभावी कार्रवाई कर रही है। उन्होंने अवैध शराब विरुद्ध भी अभियान चलाने के निर्देश दिए। आरोपियों के ऊपर गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई जिले में की गई है। अपराध समीक्षा बैठक के दौरान एसपी सौरभ दीक्षित, एएसपी जितेंद्र दुबे, सीओ सदर अजीत चौहान, सीओ सहावर राजू निषाद, सीओ पटियाली दीप कुमार पंत व जिले के सभी थाना प्रभारी मौजूद रहे।