राजस्थान डिप्टी सीएम दिया कुमारी की CAA पर आई प्रतिक्रिया, अल्पसंख्यकों पर अत्याचार होना, कहना है दुर्भाग्यपूर्ण,,,।
Citizenship Amendment Act : केंद्र सरकार के नागरिकता (संशोधन) अधिनियम, 2019 (CAA) के लागू होने के बाद भारत में रहने वाले पाकिस्तानी हिंदुओं में खुशी का माहौल है। CAA के तहत पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान के उत्पीड़ित गैर मुसलमानों- हिंदुओं, सिखों, जैनियों, बौद्धों और ईसाइयों को भारतीय नागरिकता दी जाएगी। बीजेपी के नेता जहां इसका समर्थन कर रहे हैं, तो विपक्ष इसके विरोध में है।
राजस्थान की डिप्टी सीएम दीया कुमारी ने CAA का समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि 'यह सरकार का महत्वपूर्ण फैसला है और मैं इसका स्वागत करती हूं। जो लोग दूसरे देशों में अल्पसंख्यक हैं। उन्हें हमारे देश की नागरिकता दी जाती है तो यह अच्छा है। दूसरे देशों में उनपर अत्याचार होना बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। अगर हमारा देश उन्हें नागरिकता दे रहा है, तो मैं इसकी सराहना करती हूं।'
संविधान निर्माताओं का वादा साकार
केंद्र सरकार ने लोकसभा चुनाव से ठीक पहले CAA को लागू किया। विवादास्पद कानून को पारित किये जाने के चार साल बाद केंद्र के इस कदम के कारण पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से 31 दिसंबर, 2014 से पहले भारत आने वाले गैर-मुस्लिम प्रवासियों को नागरिकता प्रदान करने का रास्ता साफ हो गया है। लोकसभा चुनाव के कार्यक्रम की संभावित घोषणा के पहले ही CAA से जुड़े नियमों को अधिसूचित कर दिया गया। केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने एक और प्रतिबद्धता पूरी की है और संविधान निर्माताओं के वादे को साकार किया है।
2019 में हुआ था पारित
CAA को दिसंबर, 2019 में संसद में पारित किया गया था और बाद में इसे राष्ट्रपति की मंजूरी भी मिल गई थी। लेकिन इसके खिलाफ देश के कई हिस्सों में विरोध प्रदर्शन शुरू हो गये थे। यह कानून अब तक लागू नहीं हो सका था क्योंकि इसके कार्यान्वयन के लिए नियमों को अब तक अधिसूचित किया जाना बाकी था। ये नियम अब पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान में धार्मिक आधार पर प्रताड़ित अल्पसंख्यकों को हमारे देश में नागरिकता देगा।