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इतिहास रच दो टीम इंडिया..! पुणे टेस्ट में भारत को 359 रनों का टारगेट, NZ की दूसरी पारी255 रन पर सिमटी, इंडिया दूसरी पारी 4/143 रन...

इतिहास रच दो टीम इंडिया..! पुणे टेस्ट में भारत को 359 रनों का टारगेट, NZ की दूसरी पारी255 रन पर सिमटी, इंडिया दूसरी पारी 4/143 रन...

क्रिकेट न्यूज डेस्क। पुणे के महाराष्ट्र क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम में भारत और न्यूजीलैंड के बीच चल रहे तीन मैचों की टेस्ट सीरीज के दूसरे मुकाबले में भारतीय टीम के सामने 359 रनों का लक्ष्य है। न्यूजीलैंड ने अपनी पहली पारी में 259 रन बनाए थे, जबकि भारतीय टीम अपनी पहली पारी में 156 रन ही बना पाई थी, जिससे न्यूजीलैंड को 103 रनों की बढ़त मिली। दूसरी पारी में न्यूजीलैंड की टीम 255 रनों पर सिमट गई, जिसके चलते भारत को जीत के लिए 359 रन बनाने का लक्ष्य मिला।

चौथी पारी में इतने बड़े लक्ष्य का पीछा करना आसान नहीं होता है, लेकिन भारत ने इससे पहले एक बार ऐसा कारनामा किया है। भारतीय टीम ने महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में 2008 में चेन्नई में इंग्लैंड के खिलाफ 387 रनों का लक्ष्य सफलतापूर्वक हासिल किया था। उस मुकाबले में सचिन तेंदुलकर ने नाबाद 103 रनों की पारी खेलते हुए भारत को 6 विकेट से जीत दिलाई थी। वीरेंद्र सहवाग ने 68 गेंदों में 83 रन बनाकर उस मैच की नींव रखी थी और युवराज सिंह (नाबाद 85) और गौतम गंभीर (66) ने भी अहम योगदान दिया था।

भारतीय टीम ने 359 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए सफलतापूर्वक बल्लेबाजी करना शुरू किया लेकिन भारतीय कप्तान रोहित शर्मा एक बार फिर लापरवाही भरी बल्लेबाजी से आउट होते हुए दर्शकों को निराश कर चलते बने। वही यशस्वी जायसवाल ने तावर तोड़ बल्लेबाजी करते हुए 77 रन 65 गेंदों पर बनाए और शुभमन गिल ने 31 गेंद पर 23 रन का योगदान दिया। 96 पर भारत का दूसरा विकेट गिरा और वहीं तीसरा विकेट 127 रन पर यशस्वी जायसवाल के रूप में गिरा, लेकिन नए बल्लेबाज ऋषभ पंत को विराट कोहली द्वारा लापरवाही भरी काल से रन आउट कर दिया गया और भारतका चौथा विकेट भी 127 रन पर ही गिर गया। अब टीम इंडिया मुसीबत से गिर गई तभी बल्लेबाजी करने के लिए वह संगठन सुंदर विराट कोहली का साथ देने आए और दोनों बल्लेबाजों ने मिलकर ताजा समाचार मिलने तक 28 ओवरों में चार विकेट पर 143 रन बना लिए थे।

विदेशी धरती पर भारत का सबसे सफल रन चेज 1976 में वेस्टइंडीज के खिलाफ पोर्ट ऑफ स्पेन में आया था, जब भारतीय टीम ने 406 रनों का लक्ष्य 4 विकेट खोकर हासिल कर लिया था। उस मुकाबले में गुंडप्पा विश्वनाथ (112) और सुनील गावस्कर (102) ने शतकीय पारियां खेलीं थीं। अब भारतीय टीम के सामने पुणे में इतिहास दोहराने की चुनौती है। अगर भारतीय ओपनर्स मजबूत शुरुआत दे पाते हैं, तो जीत की उम्मीदें बढ़ सकती हैं। भारतीय जमीन पर 350 से ज्यादा का लक्ष्य चेज करने का इतिहास केवल एक बार बना है, और यह मुकाबला भी एक बड़ा इम्तिहान साबित होगा।

न्यूजीलैंड की टीम अब तक भारतीय धरती पर कोई भी द्विपक्षीय टेस्ट सीरीज नहीं जीत पाई है। कीवी टीम ने पहली बार 1955 में भारत का दौरा किया था, जहां उसे 5 मैचों की सीरीज में 2-0 से हार झेलनी पड़ी थी। उसके बाद 1965 और 1969 में भारत के दौरे पर भी न्यूजीलैंड को कोई खास सफलता नहीं मिली। 

न्यूजीलैंड और भारत के बीच आखिरी टेस्ट सीरीज 2021 में भारत में ही हुई थी, जिसमें भारतीय टीम ने 1-0 से जीत दर्ज की थी।कुल मिलाकर, भारतीय टीम का घरेलू रिकॉर्ड न्यूजीलैंड के खिलाफ काफी मजबूत है, लेकिन इस मैच में भारत को जीत के लिए एक बड़ी चुनौती का सामना करना होगा।