तेल और गैस संकट के बीच PNG कमर्शियल की दरों में 15 प्रतिशत की हुई बढ़ोतरी, कारोबार पर पड़ेगी अब दोहरी मार...
लखनऊ, राज्य ब्यूरो। खाड़ी देशों में बढ़ते जा रहे तनाव से एलपीजी के साथ ही नेचुरल गैस का संकट भी गहराता जा रहा है। तेल और गैस संकट के बीच कमर्शियल पीएनजी की दरों में करीब करीब 15 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी कर दी गई है। राहत की बात है कि घरों में आपूर्ति की जा रही पीएनजी की दरों में किसी तरह का परिवर्तन नहीं किया गया है।
लखनऊ में पीएनजी की आपूर्ति करने वाली ग्रीन गैस लिमिटेड ने कमर्शियल पीएनजी साढ़े नौ रुपये और इंडस्ट्री को दी जाने वाली पीएनजी में में करीब साढ़े दस रुपये बढ़ोतरी कर दी है। कमर्शियल और इंडस्ट्री के लिए पीएनजी दर अब 81 रुपये प्रति क्यूबिक मीटर होगी। बढ़ी हुई दरें 16 मार्च से देय होंगी जो कारोबारियों के लिए दोहरी मार से कम नहीं है।
ग्रीन गैस लिमिटेड लखनऊ के अलावा आगरा, अयोध्या, सुलतानपुर और उन्नाव में सीएनजी और पीएनजी की आपूर्ति करती है। लखनऊ सहित पांच जिलों में अब कमर्शियल पीएनजी 75.50 रुपये से बढ़कर 85 रुपये प्रति क्यूबिक मीटर मिलेगी। इसी तरह औद्योगिक इकाइयों को 70.50 से बढ़कर 81 रुपये प्रति क्यूबिक मीटर देना होगा।
कंपनी के मुताबिक होटल, रेस्तरां, अस्पताल, स्कूल-कालेज के कैंटीन और दूसरे कार्यालय व व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में कमर्शियल दरें लागू होती हैं वहीं अमूल और अशोक लीलैंड जैसी औद्योगिक इकाइयों को इंडस्ट्रियल गैस दी जाती है। ग्रीन गैस लिमिटेड का कहना है कि खाड़ी में जारी संकट से आयात की जाने वाली लिक्विड नेचुरल गैस यानी एलएनजी की दरों में बीस प्रतिशत से अधिक बढ़ोतरी हो चुकी है।
कुवैत में एलएनजी का प्रोडक्शन पूरी तरह ठप होने के कारण कीमतों पर दबाव बढ़ रहा है साथ ही उपलब्धता का भी संकट गहरा सकता है। ग्रीन गैस का कहना है कि वर्ष 2023 से पीएनजी कमर्शियल की दरों में बढ़ोतरी नहीं की गई है।