आज दोपहर वाराणसी में दशाश्वमेध घाट क्षेत्र के अहिल्याबाई मोहल्ले में कपूर से आरती के दौरान लगी आग, मची अफरा-तफरी...
वाराणसी, ब्यूरो। दशाश्वमेध घाट क्षेत्र के अहिल्याबाई मोहल्ले में गुरुवार की दोपहर अचानक पूजा के दौरान आग लग गई। यह घटना पृथ्वी साहनी और गोपाल साहनी के घर में हुई, जब कपूर आरती के दौरान उसकी लपक से कमरे में आग लग गई। आग लगने के बाद हड़कंप मच गया, लेकिन इस दौरान कोई हताहत नहीं हुआ।
क्षेत्रीय नागरिकों के सहयोग से आग पर जल्द ही काबू पा लिया गया। हालांकि, कमरे में आग और धुएं के कारण परिवार के लोगों को कुछ समय तक दुश्वारी का सामना करना पड़ा। वाराणसी के दशाश्वमेध थाना क्षेत्र अंतर्गत अहिल्याबाई घाट के ऊपर स्थित एक तीन मंजिला मकान में अचानक आग लगने से इलाके में हड़कंप मच गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पूजा सामग्री से निकली चिंगारी के कारण आग भड़क गई। आग लगते ही घर में अफरा-तफरी मच गई और आसपास के लोग मौके पर जुट गए। स्थानीय लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन आग तेजी से फैलने के कारण स्थिति नियंत्रण से बाहर होती चली गई।
घर में मौजूद अग्निशमन के साधन भी पर्याप्त नहीं थे, जिससे आग पर तुरंत काबू नहीं पाया जा सका। घटना की सूचना तत्काल पुलिस और अग्निशमन विभाग को दी गई। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। आग लगने से मकान में रखा सामान जलकर खाक हो गया। हालांकि, समय रहते लोगों को बाहर निकाल लिया गया, जिससे किसी जनहानि की सूचना नहीं है।
पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है और स्थानीय लोग बड़ी घटना टलने को राहत मान रहे हैं। इस घटना ने स्थानीय निवासियों को आग सुरक्षा के प्रति जागरूक करने की आवश्यकता को भी उजागर किया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस प्रकार की घटनाओं से बचने के लिए अग्निशामक उपकरणों की उपलब्धता और उनकी नियमित जांच आवश्यक है।
आग लगने की इस घटना ने सभी को एक बार फिर से आग से संबंधित सुरक्षा उपायों की याद दिलाई है। स्थानीय प्रशासन ने भी इस घटना के बाद आग सुरक्षा के प्रति जागरूकता फैलाने का निर्णय लिया है। इस घटना ने यह भी स्पष्ट किया है कि सामुदायिक सहयोग और तत्परता से बड़ी से बड़ी समस्या का समाधान किया जा सकता है। स्थानीय लोगों ने मिलकर आग बुझाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिससे जनहानि से बचा जा सका। आग लगने की इस घटना ने न केवल स्थानीय निवासियों को बल्कि प्रशासन को भी आग सुरक्षा के प्रति सजग रहने की आवश्यकता का एहसास कराया है।