सीएम योगी आदित्यनाथ ने आज लोक निर्माण विभाग की वर्ष 2026-27 की कार्ययोजना की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा की...
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज लोक निर्माण विभाग की वर्ष 2026-27 की कार्ययोजना की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा की।
मुख्यमंत्री जी ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि विकास कार्यों में मानक, गुणवत्ता और समयबद्धता से कोई समझौता नहीं होना चाहिए। प्रदेश के प्रत्येक जनपद से स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप विकास प्रस्ताव तैयार कर एक सप्ताह के अंदर भेजा जाए, जून के प्रथम सप्ताह में कार्ययोजना को शासन से स्वीकृति मिल जाएगी।
उन्होंने कहा कि विकास कार्यों का भूमि पूजन एवं शिलान्यास संबंधित जनप्रतिनिधियों के कर-कमलों से ही कराया जाए।
मुख्यमंत्री जी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि परियोजनाओं का प्रस्ताव तैयार करते समय 'पिक एंड चूज' न हो और हर क्षेत्र की आवश्यकता को समान महत्व दिया जाए।
उन्होंने सभी जिलाधिकारियों और मुख्य विकास अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनपद में संचालित प्रत्येक परियोजना के लिए एक नोडल अधिकारी नियुक्त किया जाए, जो नियमित रूप से कार्य की प्रगति की निगरानी करे और गुणवत्ता सुनिश्चित करे।
मुख्यमंत्री जी ने आपात परिस्थितियों के दृष्टिगत हेलीपैड निर्माण को भी आवश्यक बताया। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा, स्वास्थ्य आपातकाल अथवा अन्य संकट की स्थिति में हेलीपैड अत्यंत उपयोगी सिद्ध होते हैं। इसके दृष्टिगत प्रत्येक ब्लॉक, तहसील और जिला मुख्यालय के निकट हेलीपैड बनाए जाएं।
मुख्यमंत्री जी ने नगर विकास विभाग की 'सीएम ग्रिड' योजना की सराहना करते हुए कहा कि यह शहरी कनेक्टिविटी को मजबूत करने की महत्वपूर्ण पहल है, इसकी गति और तेज की जाए। उन्होंने कहा कि नगर विकास विभाग स्थानीय जरूरतों के अनुरूप प्रस्ताव तैयार करे और यह सुनिश्चित किया जाए कि प्रदेश के प्रत्येक मोहल्ले और कॉलोनी तक बेहतर सड़क एवं संपर्क व्यवस्था पहुंचे।