IPL 2026 ने बदली किस्मत! वैभव सूर्यवंशी के लिए खुला खजाना, टीम ने ऑफर किया बारह करोड़ सालाना या ब्लैंक चेक...
Vaibhav Sooryavanshi gets blank cheque huge deal: 15 साल के वैभव सूर्यवंशी का IPL 2026 में प्रचंड अवतार देखने को मिल रहा है। पिछले सीजन उन्होंने शतक जड़कर अपनी तूफानी बल्लेबाजी का परिचय दिया था। तब माना जा रहा था कि अगले सीजन गेंदबाजी उनके खिलाफ खास योजना बनाकर आएंगे और उन्हें इतनी आसानी से सफलता नहीं मिलेगी लेकिन वैभव ने सभी को गलत साबित कर दिया और 700 रनों से ज्यादा के आंकड़े को हासिल कर लिया है।
जिस तरह से वैभव सूर्यवंशी का प्रदर्शन रहा है, उनकी हर तरफ चर्चा हो रही है और फैंस के बीच लोकप्रियता में भी इजाफा हुआ है। इसी वजह से कई बड़े ब्रांड्स वैभव को अपने साथ जोड़ना चाहते हैं, क्योंकि आगे चलकर उनकी लोकप्रियता बढ़नी ही है और अभी से कई कंपनी इसका फायदा उठाना चाहती हैं। इस बीच एक बड़ी खबर आई है, जो वैभव के बल्ले को स्पॉन्सर करने से जुड़ी है। बताया जा रहा है कि इसके लिए वैभव को एक ब्लैंक चेक ऑफर हुआ है।
बल्लेबाजी स्पॉन्सरशिप डील के लिए वैभव सूर्यवंशी को मिला ब्लैंक चेक
इन दिनों वैभव सूर्यवंशी सभी की आँखों का तारा बने हुए हैं। छोटी सी उम्र में जिस तरह का प्रदर्शन कर रहे हैं, जल्द ही उनका टीम इंडिया के लिए भी डेब्यू हो सकता है। ऐसे में कई बड़े ब्रांड उनके साथ जुड़ना चाहते हैं और बल्ले की स्पॉन्सरशिप हासिल करने के लिए कतार में लगाए हुए हैं। मीडिया रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि कई टायर ब्रांड भी इस रेस में शामिल हैं। वहीं, एक बड़े ब्रांड ने तो वैभव को ब्लैंक चेक ऑफर किया है।
वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Sooryavanshi) को अपने मौजूदा बैट स्पॉन्सर से करीब 50 करोड़ प्रति साल मिलते हैं। उनकी डील जल्द ही खत्म होने वाली है। इसी मौके का फायदा अन्य कंपनी उठाने को देख रही हैं, क्योंकि वैभव के जुड़ने से निश्चित रूप से उन्हें काफी फायदा हो सकता है।
मौजूदा बैट स्पॉन्सरशिप डील से वैभव सूर्यवंशी को मिला 24 गुना ज्यादा का ऑफर
कई भारतीय स्टार को बैट स्पॉन्सरशिप के लिए प्रति साल 3 से 8 करोड़ रुपये मिल रहे हैं लेकिन वैभव सूर्यवंशी के करीबी सूत्रों ने बताया कि इस युवा खिलाड़ी को बल्ले की स्पॉन्सरशिप के लिए सालाना 12 करोड़ रुपये से भी अधिक की भारी भरकम रकम की पेशकश की गई है। यह उनके पिछले बल्ले की स्पॉन्सरशिप डील से 24 गुना अधिक है।
इतनी बड़ी धनराशि देना किसी भी बल्ले बनाने वाली कंपनी के बस की बात नहीं है। ऐसे में माना जा रहा है कि बड़े टायर ब्रांड एमआरएफ या सिएट डील हासिल करने की रेस में आगे निकल सकते हैं।