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आतंकी अब्दुल रहमान का शव पहुंचा अयोध्या, मच गई चीख-पुकार, राम मंदिर को बम से उड़ाने की साजिश का था आरोप, आज हुआ सुपुर्देखाक

आतंकी अब्दुल रहमान का शव पहुंचा अयोध्या, मच गई चीख-पुकार, राम मंदिर को बम से उड़ाने की साजिश का था आरोप, आज हुआ सुपुर्देखाक

अयोध्या। राम मंदिर हमले की साजिश का आरोपी अब्दुल रहमान अब इस दुनिया में नहीं रहा है। उसकी हरियाणा के फरीदाबाद स्थित नीमका जेल में हत्या कर दी गई। आज उसका शव अयोध्या लाया गया। गांव मजनाई में शव पहुंचते ही परिवार में कोहराम मच गया। गमगीन माहौल में नमाज अदा कर उसे सुपुर्द-ए-ख़ाक कर दिया गया। 

बताया जा रहा है कि तीन दिन पहले जेल में ही बंद एक अन्य कैदी ने धारदार हथियार से उस पर हमला कर दिया था, जिससे उसकी मौत हो गई. इस घटना के बाद जेल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।

हरियाणा के फरीदाबाद की नीमका जेल में बंद राम मंदिर हमले की साजिश के आरोपी अब्दुल रहमान की 8 फरवरी की रात हत्या कर दी गई. प्राथमिक जानकारी के मुताबिक, बैरक में साथ बंद कैदी अरुण चौधरी ने धारदार नुकीले हथियार से उसके सिर पर वार किया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

आज सुबह करीब 7 बजे उसका शव अयोध्या के इनायत नगर थाना क्षेत्र स्थित उसके पैतृक आवास पहुंचा। शव के पहुंचते ही परिजनों और स्थानीय लोगों की भीड़ जुट गई. माहौल गमगीन रहा। नमाज अदा करने के बाद उसे मजनाई कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-ख़ाक कर दिया गया।

घटना के बाद जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया है. हाई सिक्योरिटी जेल में इस तरह की हत्या ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं. मामले की जांच जारी है. पूर्व प्रधान ने कहा कि हाई सिक्योरिटी जेल में इस तरह की घटना पुलिस और जेल प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाती है. हत्या जिस तरह से हुई है, उसकी उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए. घटना के एक दिन पहले परिजन मुलाकात करके आए थे। उसके बाद इस तरह की वारदात गंभीर लापरवाही की ओर इशारा करती है।

पिता अब्दुल बकर और मामा मोहम्मद इसरार का कहना है कि गुरुवार को रहमान से हमारी मुलाकात हुई थी, सब कुछ सामान्य था. बेटे ने बताया था कि बैरक में एक व्यक्ति चार-पांच दिन पहले आया है और सब ठीक है. मगर, सोमवार को सूचना मिली कि सोते समय उसके सिर पर वार कर हत्या कर दी गई. 2 फरवरी को जमानत दाखिल की गई थी और हाईकोर्ट से जमानत होने वाली थी. इस पूरे मामले की जांच होनी चाहिए।

गौरतलब है, जब हत्या करने की बात सामने आई तो सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए रोहित गोदारा गैंग के सदस्य महेंद्र डेलाना ने हत्या के आरोपी अरुण चौधरी को सपोर्ट किया था। डेलाना ने लिखा था कि जो देश के खिलाफ जाएगा, उसका यही अंजाम होगा। गिरफ्तारी के दौरान एसटीएफ ने अब्दुल रहमान के पास से दो हैंड ग्रेनेड बरामद किए थे। अब्दुल रहमान के आईएसआई से कथित संबंध बताए जा रहे थे। जांच एजेंसियों ने अब्दुल रहमान को राम मंदिर परिसर पर ग्रेनेड हमले की साजिश रचने का आरोपी बताया था।