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'अम्मी का फोन आया, बोलीं- घर आ जाओ': युद्ध के बीच दुबई, कुवैत और बहरीन में फंसे भारतीय लखनऊवासी बेहाल...

'अम्मी का फोन आया, बोलीं- घर आ जाओ': युद्ध के बीच दुबई, कुवैत और बहरीन में फंसे भारतीय लखनऊवासी बेहाल...

यूपी, लखनऊ। ईरान के आसमान में जंगी जहाजों की गर्जन और अमेरिकी-इस्राइली मिसाइलों को इंटरसेप्ट करने के बाद मिडल ईस्ट में काम कर रहे लखनऊवासी शनिवार को अपने परिवारों के लिए चिंता का कारण बने। ईरान, कुवैत, बहरीन और दुबई से आए फोन कॉल ने लखनऊ में उनके परिजनों की धड़कनें बढ़ा दीं। लखनऊ और आसपास के 4000 से ज्यादा लोग दुबई, अबुधाबी और बहरीन में नौकरी कर रहे हैं।

तेहरान की गैलरी से आसमान में बरसती आग और मिसाइलों की धधकती रोशनी देख रहे लखनऊ के दुबग्गा निवासी साहिल ने बताया, 'धमाकों से डर जरूर लगा, लेकिन ईरानी जनता की हिम्मत और संतुलित प्रतिक्रिया ने हौसला दिया। घरवालों का फोन आया, सब बस यही कह रहे थे, घर आ जाओ।'

कुवैत: सहरी के दौरान सुनाई दी धमाकों की आवाज

कुवैत में ड्राइवर के तौर पर काम कर रहे कानमैन स्थित हाता बुरहान साहब के मोहम्मद अम्मार ने बताया कि 'हम सहरी कर रहे थे, तभी जोरदार धमाके सुनाई दिए। सुबह पता चला कि ईरानी मिसाइलों ने नहरा और सालमिया स्थित अमेरिकी एयरबेस को निशाना बनाया। आसमान में अब भी धुंआ और धुंध साफ दिखाई दे रहा है।'

बहरीन: बार-बार गूंज रही सायरन

काजमैन निवासी अफरोज हैदर (चुक्कल) बहरीन के मोअरंक में जरदोजी का काम कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि 'मनामा और जुकेर इलाके में अमेरिकी एयरबेस पर ईरानी स्ट्राइक हुई। फैक्ट्री में काम करते हुए उन्हें धमाके सुनाई दिए।' बहरीन में लगभग 200 लखनऊवासी काम कर रहे हैं, ज्यादातर आरी, जरदोजी और टेलरिंग में हैं।

दुबई: उड़ानों पर रोक, मार्केट में तनाव

सआदतगंज के मो. इमरान ने बताया कि 'दुबई एयरपोर्ट पर उड़ानों पर रोक लगी है। मार्केट खुला है, लेकिन धमाकों की गूंज से लोग सहमे हुए हैं।' ठाकुरगंज के इरफान जो कि ईरान के कुम और मुफ्तीगंज के इरशाद जो कि दुबई में है, उन्होंने बताया कि 'घरवाले बेहद बेचैन हैं। अम्मी का फोन आया तो बस यही बोलीं, सब छोड़ो और फौरन लखनऊ लौट आओ।'

दम्माम में ड्राइवरी कर रहे मो. शीयू ने कहा, 'अम्मी का फोन आया था। मैंने बताया कि हम लोग ठीक हैं। फिर भी उन्होंने कहा, जब तक हालात सामान्य नहीं होते, लखनऊ वापस आ जाओ।'

लखनऊ का मिडल ईस्ट कनेक्शन

लखनऊ और आसपास के 4000 से ज्यादा लोग दुबई, अबुधाबी और बहरीन में नौकरी कर रहे हैं। ज्यादातर लोग आरी-जरदोजी, टेलरिंग और ड्राइविंग से जुड़े हैं। ईरान के इस ऐलान से थोड़ी राहत मिली कि हमला केवल सैन्य ठिकानों पर ही होगा।

'रमजान के पाक महीने में हमला आतंकी साजिश'

मिडल ईस्ट में जारी तनाव पर लखनऊ के प्रमुख शिया धर्मगुरुओं ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इसे अंतरराष्ट्रीय शांति के लिए खतरा बताते हुए अमेरिका और इस्राइल की कार्रवाई की निंदा की है।