जिसे 3 राज्यों की पुलिस खोज रही थी...21 मामलों का वांटेड सीरियल किलर पकड़ा गया, महिलाओं को बनाता था शिकार...
आंध्र प्रदेश की तिरुपति पुलिस को आज बड़ी सफलता मिली है। आंध्र, कर्नाटक और केरल में 21 मामलों में वांटेड एक कुख्यात अंतरराज्यीय सीरियल किलर को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान विश्वनाथ के रूप में हुई है। इसे प्रशांत और अजीज जैसे नामों से भी जाना जाता था। पुलिस के अनुसार, आरोपी कई सालों से फरार था और गिरफ्तारी से बचने के लिए बार-बार अपनी पहचान बदलता रहता था।
नकली पहचान से छिपा रहा था असल पहचान
पुलिस ने बताया कि आरोपी फर्जी आधार कार्ड, नकली दस्तावेज और अलग-अलग भेष बदलकर विभिन्न समुदायों में घुल-मिल जाता था, जिससे उसकी गतिविधियों का पता लगाना मुश्किल हो गया था.फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और उससे जुड़े अन्य मामलों की जांच जारी है।
महिलाएं थी निशाना, ऐसे बनाता था शिकार
जांचकर्ताओं ने बताया कि आरोपी ज्यादातर अकेली रहने वाली महिलाओं को निशाना बनाता था. वह पहले उनका भरोसा जीतता और फिर हत्या कर उनके सोने के गहने लेकर फरार हो जाता था. केवल तिरुपति जिले में ही उस पर तिरुचनोोर, रामचंद्रपुरम और पिचतूर इलाकों में चार हत्याएं करने का शक है. इस मामले में अहम मोड़ तब आया, जब तिरुपति के रामचंद्रपुरम इलाके में हाल ही में हुई मुनिश्वरी की हत्या की जांच शुरू की गई.पुलिस ने तकनीकी सबूतों और ज़मीनी स्तर की खुफिया जानकारी के आधार पर जांच आगे बढ़ाई और इसी दौरान आरोपी का पता लगाकर उसे गिरफ्तार कर लिया.पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और उससे जुड़े अन्य मामलों की जांच भी जारी है।
21 मामलों का वांटेड
तिरुपति के जिला पुलिस अधीक्षक (SP) सुब्बारायुडु ने आरोपी की गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए कहा कि उसका आपराधिक रिकॉर्ड कई राज्यों तक फैला हुआ है. उन्होंने कहा,"यह व्यक्ति एक शातिर अपराधी है, जो तीन राज्यों में हत्या और लूट समेत 21 गंभीर मामलों में शामिल रहा है.वह अपने शिकार को बहुत सोच-समझकर चुनता था और शक से बचने के लिए हर वारदात की पहले से योजना बनाता था." पुलिस ने आरोपी के पास से करीब 20 लाख रुपये के सोने के गहने बरामद किए हैं.इसके अलावा एक ऑटो-रिक्शा भी जब्त किया गया है, जिसके बारे में माना जा रहा है कि इसका इस्तेमाल अपराधों के दौरान किया गया था।
पुलिस ने राजम्मा नाम की एक महिला को भी हिरासत में लिया है, जिस पर आरोपी की मदद करने का आरोप है. अधिकारियों ने यह भी बताया कि आरोपी को 2018 में केरल में एक हत्या के मामले में सजा हुई थी, लेकिन वह पुलिस हिरासत से फरार हो गया था और तब से भूमिगत था. केरल पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी की जानकारी देने वाले के लिए इनाम भी घोषित कर रखा था।
जिला पुलिस अधीक्षक (SP) सुब्बारायुडु ने कहा कि आरोपी की गिरफ्तारी से न सिर्फ तिरुपति के लोगों को राहत मिली है, बल्कि अन्य राज्यों की पुलिस को भी बड़ी मदद मिली है। उन्होंने कहा,"अब हम आरोपी को उन मामलों से जोड़ने की कोशिश कर रहे हैं, जिनका अब तक खुलासा नहीं हो पाया है, ताकि पीड़ितों को न्याय मिल सके।"
अधिकारियों ने बताया कि जांच अभी जारी है और केरल व कर्नाटक पुलिस के साथ मिलकर उन मामलों की भी पहचान की जा रही है, जो इन राज्यों में दर्ज हैं.साथ ही पुलिस आरोपी से जुड़े अन्य पीड़ितों और उसके आपराधिक नेटवर्क का पता लगाने की कोशिश कर रही है।