हम इसलिए CAA ला रहे थे, कांग्रेस ने विरोध किया; बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं की हत्या पर बोली BJP...
बाग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हो रहे हमलों के बीच भारतीय जनता पार्टी ने कांग्रेस पर निशाना साधा है। भाजपा ने कहा है कि इसलिए CAA यानी नागरिकता संशोधन कानून लाया जा रहा था, लेकिन कांग्रेस ने इसका विरोध किया। बीते कुछ दिनों में बांग्लादेश में हिंदू समुदाय के 3 लोगों की हत्या की खबरें आई हैं। भीड़ ने दीपू चंद्र दास नाम के शख्स को पीटकर जला दिया था।
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने कहा, 'देखिए दुर्भाग्यपूर्ण बात है कि जिस प्रकार से हिंदुओं को अल्पसंख्यक समाज के लोगों को बांग्लादेश में निशाना बनाया जा रहा है। इसके खिलाफ भारत सरकार ने कड़ा और स्पष्ट रुख अपना लिया है। दुख की बात यह है कि जो लोग CAA का विरोध करते थे, उन्हें माफी मांगनी चाहिए।'
उन्होंने कहा, 'सीएए का विरोध करने वाली मंडली ही, एक प्रकार से उनकी आत्मा पर ये पूरा बोझ जाता है। हम इसलिए सीएए ला रहे थे, ताकि जो अल्पसंख्यक समाज के लोग हैं अफगानिस्तान में, बांग्लादेश में, पाकिस्तान में, उनको राहत और शरण मिल सके। इसका विरोध किसने किया, कांग्रेस के ईकोसिस्टम ने।'
पूनावाला ने कहा, 'कांग्रेस के ईकोसिस्टम ने तो यह भी कह दिया कि बांग्लादेश में जो हो रहा है, वो एसआईआर की वजह से हो रहा है। बांग्लादेश में जो हो रहा है, वो भारत में हुई चीजों की वजह से हो रहा है। इसे एक्शन का रिएक्शन बताया। दिग्विजय सिंह, सैम पित्रोदा, हनुमंत राव, हुसैन दलवई, ये सारे नेताओं ने बांग्लादेश में हो रही इस प्रकार की हत्याओं को क्लीन चिट दी।'
उन्होंने कहा, 'जो गाजा के लिए बैग टांग कर भागते हैं, वो ढाका के लिए इस प्रकार की बात बोलते हैं। उन्हें दोहरे चरित्र के लिए माफी मांगनी चाहिए।'
हिंदू व्यवसायी पर हुआ हमला
पीटीआई भाषा के अनुसार, बांग्लादेश में अज्ञात बदमाशों ने एक हिंदू कारोबारी पर बेरहमी से हमला किया, उसके शरीर पर धारदार हथियार से वार किए और फिर उसे आग के हवाले कर दिया। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पीड़ित की पहचान 50-वर्षीय खोकोन चंद्र दास के रूप में हुई है, जिन पर बुधवार रात को शरीयतपुर जिले के डामुड्या में केउरभंगा बाजार के पास उस समय हमला किया गया।
हमले के समय वह अपनी दुकान बंद करके घर लौट रहे थे। उनकी हालत बिगड़ने पर उन्हें बेहतर इलाज के लिए ढाका ले जाया गया। खबर है कि दवा की दुकान और मोबाइल बैंकिंग का व्यवसाय करने वाले दास एक ऑटो रिक्शा में यात्रा कर रहे थे, तभी हमलावरों ने वाहन को रोक लिया और कथित तौर पर उनकी पिटाई की, धारदार हथियारों से उन पर वार किये और फिर उनपर पेट्रोल डालकर आग लगा दी।
खुद को बचाने की कोशिश में दास सड़क किनारे एक तालाब में कूद गए, जिसके बाद स्थानीय लोगों ने शोर मचाया। पुलिस ने बताया कि हमलावर मौके से फरार हो गए।